
गाजीपुर। विद्युत कर्मचारी संयुक्त संघर्ष समिति के आवाहन पर शुक्रवार को सर्किल ऑफिस लाल दरवाजा पर दो से पांच बजे तक अगस्त क्रांति 9 अगस्त 1942 की पूर्व संध्या पर” कॉर्पोरेट घरानो पावर सेक्टर छोड़ो”के तहत सभी विद्युत कर्मी जूनियर इंजीनियर और अभियंता इकट्ठा हुए। विद्युत मजदूर पंचायत के पूर्वांचल अध्यक्ष निर्भय नारायण सिंह ने बताया कि बड़ी मुश्किल से हम सभी को आजादी मिली है। 9 अगस्त 1942 क्रांति दिवस को महात्मा गांधी ने नारा दिया था अंग्रेजों भारत छोड़ो। और आज पावर सेक्टर के कर्मचारी बिजली जैसे महत्वपूर्ण महकमें को निजीकरण किया जा रहा है, इसके विरोध में आज जनहित किसान हित जैसे महत्वपूर्ण मुद्दे पर कॉर्पोरेट घरानों वापस जाओ एवं कॉर्पोरेट घरानों पावर सेक्टर छोड़ो दिवस के रूप में मनाते हुए सरकार से निजीकरण वापस हेतु पुनर्विचार की मांग करते हुए निजीकरण वापस लेने की मांग की। जूनियर इंजीनियर संगठन के जिला अध्यक्ष मिथिलेश यादव ने कहा कि विद्युत कर्मी आखरी दम तक निजीकरण का विरोध करेंगे और निजीकरण नहीं होने देंगे। सभा में इंद्रजीत पटेल, अमित शेखर सिंह, दीपक कुमार, मनोज पटेल, गजानंद चौधरी, तपस प्रसाद, रविंद्र सिंह, शशिकांत कुशवाहा, प्रमोद कुशवाहा, नरेंद्र यादव, प्रदीप राय, महेंद्र कुमार, सिकंदर रजा,जितेंद्र सिंह ,प्रवीण सिंह, अनुराग सिंह, भानु कुशवाहा, राकेश कुशवाहा, पंकज वर्मा, राकेश प्रभाकर, रविंद्र यादव, अरविंद यादव, नीलमणि यादव, कैलाश यादव, अखिलेश कुमार, प्रदीप कुमार, नौशाद खान, अश्वनी सिंह, चंद्रहास कुशवाहा, मनोज मौर्य, अशोक यादव आदि कर्मचारी उपस्थित रहे। अध्यक्षता अरविंद श्रीवास्तव तथा संचालन अशोक कुशवाहा ने किया।




