
भांवरकोल (गाजीपुर)। पुलिस ने 24 मई की रात क्षेत्र में चीता मोबाइल टीम गश्त कर रही थी। इसी दौरान सजना गांव के शिव मंदिर के सामने सड़क पर दो नाबालिक बच्चे रोते हुए मिले। उनके साथ कोई नही था। चीता टीम बच्चो को देखकर वहां रुक गई। बच्चे काफी घबराए हुए थे। पूछने पर बच्चे सिर्फ रो रहे थे। अपना नाम और पता भी नहीं बता पा रहे थे। सड़क पर दोनों बच्चों को अकेला देख अपने साथ थाने ले आये। पुलिस कर्मियों ने थानाध्यक्ष संतोष राय को सारी बात बताये। उन्होने महिला कल्याण विभाग/चाइल्ड हेल्पलाइन से संपर्क कर मीडिया एवं अन्य सोशल मीडिया प्लेटफार्म पर बच्चों की तस्वीर को साझा कर इनके परिजनों का पता लगाने के लिए प्रसारित किया गया। 26 मई को बच्चों के परिजन महिला कल्याण विभाग की चाइल्ड हेल्पलाइन से संपर्क किये। जहां पहचान कर बच्चों को उनके परिजनों को सुपुर्द कर दिया गया। थानाध्यक्ष भांवरकोल संतोष कुमार राय मय टीम व महिला कल्याण विभाग की चाइल्ड हेल्पलाइन के अर्चना सिंह का योगदान काफी सराहनीय रहा । बच्चों को सकुशल पाकर परिजनों ने पुलिस टीम की प्रशंसा की।




